Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।

Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।


आज के इस आर्टिकल में मैं आपको  Viral Hepatitis जैसे  Hepatitis A, Hepatitis B, Hepatitis C और Hepatitis E के बारे में कंपलीट इनफार्मेशन दूंगा। इसमे आपको Viral Hepatitis के कारण, लक्षण, इलाज और रोकथाम की सम्पूर्ण जानकारी मिलेगी।




Viral Hepatitis क्या होता है 

Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।
Hepatitis Virus

Viral Hepatitis गलत आहार विहार और खून में वायरस के इंफेक्शन से होने वाली बीमारी होती है। इस बीमारी में हमारा लीवर संक्रमित (Liver infection) हो जाता है जो आगे चलकर फैटी लीवर, लीवर सिरोसिस और  लिवर कैंसर जैसे घातक बीमारियों का कारण बनता है।

Viral Hepatitis  चार प्रकार के होते हैं जिनको दो ग्रुप में बांटा जाता है:-
पहला ग्रुप- Hepatitis A और  Hepatitis E, 
दूसरा ग्रुप- Hepatitis B और  Hepatitis C

हेपेटाइटिस A और हेपेटाइटिस E के कारण (Causes of Hepatitis A & Hepatitis E)


Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।
दूषित भोजन

हेपेटाइटिस A और हेपेटाइटिस E के वायरस हमारे शरीर में दूषित पानी और दूषित आहार(Contaminated food) के द्वारा पहुंचते हैं। खासकर वैसे प्रदूषित पानी(Contaminated Water) जिसमे किसी वजह से हेपेटाइटिस A, हेपेटाइटिस E के वायरस आ गए हैं। जब हम इस पानी को पीते हैं तो वह वायरस हमारे शरीर में पहुंचकर लिवर को प्रभावित करते है। हेपेटाइटिस A और हेपेटाइटिस E के संक्रमण को जॉन्डिस भी कहा जाता है।

हेपेटाइटिस A अक्सर बच्चों में देखी जाती है और हेपेटाइटिस E अक्सर एडल्ट में देखी जाती है। लेकिन कभी कभी यह उल्टा भी हो सकता है। आज की डेट में हेपेटाइटिस A का टीका उपलब्ध है लेकिन हेपेटाइटिस E का टीका उपलब्ध नहीं है।


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हेपेटाइटिस A हेपेटाइटिस E के लक्षण(Symptoms of Hepatitis A & Hepatitis E)


इन दोनों तरह के वायरल हेपेटाइटिस में निम्न लक्षण दिखाई देते है:-
कमजोरी लगना
भूख ना लगना
पेट के ऊपरी हिस्से में दर्द रहना 
आंखें पीली हो जाना
उल्टी आना न
चिड़चिड़ापन रहना
थकान लगना 
बहुत ज्यादा नींद आना 
पैरों का सूज जाना 
पेट का फूल जाना 
पेशाब पीली हो 
जाना वजन घटना इत्यादि।

हेपेटाइटिस A और हेपेटाइटिस E का उपचार (Treatment of Hepatitis A & Hepatitis B)


हेपेटाइटिस A और हेपेटाइटिस E एक सामान्य-सी लिवर संक्रमण (Liver Infection) होती है। इस तरह के संक्रमण में  विशेष उपचार की आवश्यकता नहीं होती है। इसमें मरीज को फुल रेस्ट की आवश्यकता होती है। खाने पीने में परहेज करना जरूरी होता है। ज्यादा तली हुई और मसालेदार चीजों का परहेज किया जाता है। नमक कम से कम इस्तेमाल किया जाता है। खुले में बिकने वाले  वाले फास्ट फूड का सेवन बंद करना होता है। इस तरह से हेपेटाइटिस A ,E का संक्रमण ठीक हो जाता है।


हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C होने के कारण (Causes of Hepatitis B & Hepatitis C)


हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C संक्रमण ज्यादा खतरनाक होते हैं। यह हमारे लिवर को संक्रमित कर देते हैं। अगर लीवर का संक्रमण(Infection of Liver) ज्यादा दिनों तक बना रहता है तो आगे लीवर सिरोसिस, फैटी लीवर और लीवर कैंसर जैसी घातक बीमारियां हो सकती हैं।

 Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।
                      Contaminated Syringe

हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C का संक्रमण, संक्रमित ब्लड ट्रांसफ्यूजन, Non Sturlized सर्जिकल इंस्ट्रूमेंट के इस्तेमाल और संक्रमित नीडल के दोबारा इस्तेमाल से होता है। इसके अलावे हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C संक्रमित व्यक्ति से असुरक्षित योन संबंध बनाने से और संक्रमित मां से बच्चे को हो सकता है।

हेपेटाइटिस B और C के लक्षण(Symptoms of Hepatitis B & Hepatitis C)


हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C से संक्रमित व्यक्ति में थकान होना,
कमजोरी महसूस करना
भूख न लगना
वजन कम होना
उल्टी होना 
पेट के ऊपरी हिस्से में दर्द का होना
आंखों का रंग पीला हो जाना
पेशाब का रंग पीला हो जाना इत्यादि लक्षण दिखाई देते हैं। 

हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C के जांच(Diagnosis of Hepatitis B & Hepatitis C)

 Viral Hepatitis (Hepatitis A,B,C,E) के कारण, लक्षण, रोकथाम और उपचार।
Diagnosis of Hepatitis

हेपेटाइटिस B हेपेटाइटिस C संक्रमण का पता लगाने के लिए विशेष प्रकार के ब्लड टेस्ट किए जाते हैं। टेस्ट रिपोर्ट से इस संक्रमण का पता चलता है। ब्लड टेस्ट की रिपोर्ट से इनकी स्थिति का भी पता चलता है की संक्रमण कौन से स्टेज में है।

अगर हेपेटाइटिस प्राइमरी स्टेज में होती है तो जल्दी ठीक हो जाती है। अगर हेपेटाइटिस एडवांस्ड स्टेज में है तो यह लीवर को काफी प्रभावित करती है। अगर हेपेटाइटिस का संक्रमण काफी समय तक बना रहता है तो कुछ सालों में लीवर सिरोसिस, फैटी लीवर और लीवर फेलियर जैसी घातक बीमारियां हो सकती हैं।

अगर आपको हेपेटाइटिस बी और हेपेटाइटिस सी के लक्षण आपके शरीर में दिखाई देते हैं तो आप तुरंत किसी डॉक्टर को दिखाएं और अपनी जांच कराएं। हेपेटाइटिस का इलाज प्राइमरी स्टेज में बहुत ही आसानी से हो जाता है। लेकिन अगर एडवांस्ड स्टेज में यह बीमारी चली जाती है तो इसके इलाज में  बहुत ज्यादा टाइम लगता है।

हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C की रोकथाम (Prevention of Hepatitis B & Hepatitis C)


वायरल हेपेटाइटिस की रोकथाम के लिए  वैक्सीन के टीके लगवा सकते हैं।आप जब भी हॉस्पिटल में अपने इलाज के लिए जाएं तो ध्यान रखें की यूज़ की गई सुई का इस्तेमाल ना हो। अगर आपको हेपेटाइटिस बी का संक्रमण है तो आप अपने फैमिली मेंबर्स की भी जांच कराएं। आप अपने पत्नी और बच्चे का हेपेटाइटिस बी का जांच जरूर कराएं।

हेपेटाइटिस B और हेपेटाइटिस C का ट्रीटमेंट (Treatment of Hepatitis B & hepatitis C)


हेपेटाइटिस B हेपेटाइटिस C का ट्रीटमेंट उपलब्ध है। बहुत सारी मेडिसिन है जिसको लेने से आप हेपेटाइटिस बी और सी से बच सकते हैं। हेपेटाइटिस बी के लिए टीका उपलब्ध है लेकिन हेपेटाइटिस सी के लिए अभी टीका उपलब्ध नहीं है। इन दोनों की मेडिसिन उपलब्ध है। वायरल हैपटाइटिस का इलाज किसी स्पेशलिस्ट डॉक्टर से ही कराएं।

दोस्तो, आज के इस आर्टिकल में बस इतना ही उम्मीद करता हूं आज की दी गई जानकारी आपके लिए जरूर फायदेमंद साबित होगी। यह आर्टिकल आपको कैसा लगा, कमेंट कर के जरूर बताएं। इस जानकारी को ज्यादा से ज्यादा लोगो तक पहुचाने के लिए इसको शेयर जरूर करें। धन्यवाद।


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